खेल के मैदान की हुई दैनीय दशा

Posted by Rohilkhand News
June 12, 2017

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देश की सुरक्षा के लिए सैकड़ों सैनिक तैयार करने वाला हरा भरा मैदान अतिक्रमण के चलते कराह रहा है। मैदान गढ्ढों में तब्दील हो गया है। जिस पर घास का नामोनिषान मिट गया। खेल के उपकरण भी नही दिखाई दे रहे। ग्राउन्ड की दयनीय दशा  की ओर जिम्मेदार भी ध्यान नही दे रहे। जिससे युवाओं में आक्रोश की भावना व्याप्त है।

माधौगंज कस्बे के चौराहे से मल्लावां की ओर जाने वाले हाइवे के किनारे श्री नरपति सिंह इण्टर कॉलेज का खेल का मैदान स्थित है। जहां हर रोज सुबह व शाम कबड्डी, खो-खो, बाली बॉल, फुटवाल, कुश्ती, क्रिकेट, व देष की रक्षा के लिए युवा फर्राटा भरा करते थे। लगभग पांच वर्षों से इस मैदान की देखरेख के अभाव में उसकी दषा दिनो दिन बद्हाल होती जा रही है। कस्बे के आफताब आलम, रंजीत पटेल, बउवा सैनी, अरविन्द गुप्ता, दिनेष पटेल, प्रदीप पटेल, महेन्द्र सिंह, रजत गुप्ता, योगेश आदि युवाओं ने बताया कि इस मैदान ने दर्जनों अच्छे खिलाड़ी व देश की सुरक्षा के लिए सैकड़ों जवान तैयार कर दिए। अब यह मैदान हरी भरी घास व युवाओं की चहलकदमी के लिए कराह रहा है।

युवाओं ने यह भी बताया कि नरपति सिंह इण्टर कॉलेज के छात्र-छात्राओं की टीमों के जनपद के कई कॉलेजों के खिलाडि़यों की टीमें आए दिन प्रतियोगिता के लिए मैदान में उतरती थी। पर कॉलेज के प्रबन्धन की अनदेखी व मैदान पर एलपीजी सिलेण्डरों के वितरण की बजह से उगी घास तक धीरे-धीरे मयस्सर हो रही है। मैदान की दयनीय स्थिति के चलते यहां अब रोजाना सैर करने वाले लोगों का आना जाना बन्द हो गया है। चारों ओर से अतिक्रमण होने से मैदान का बृहद् रूप सिमटता जा रहा है।

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